ई-संवादी2018-05-21T09:01:02+00:00

नारी संवेदनाओं की चतुर चितेरी शिवानी

By |October 17th, 2018|

हिंदी की चर्चित कथाकार शिवानी का जन्म 17 अक्टूबर, 1923 को गुजरात के राजकोट में हुआ था. उनका असली नाम गौरा पंत था. शिक्षा शांतिनिकेतन में हुई. हिंदी, संस्कृत, गुजराती, [...]

डॉ निशंक की नई किताब ‘प्रकृति का अलौकिक सौंदर्य’ का लोकार्पण

By |October 17th, 2018|

नई दिल्लीः हरिद्वार से लोकसभा सांसद तथा उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री डॉ. रमेश पोखरियाल निशंक एक लेखक, साहित्यकार, समाजसेवी और पर्यावरणविद् के रूप में भी खूब चर्चित हैं. उत्तराखंड, जहां [...]

पवन करण के ‘स्त्री शतक’ के बहाने #मी टू पर ममता कालिया व अन्य के विचार

By |October 17th, 2018|

नई दिल्लीः देश का बौद्धिक जगत इन दिनों #मी टू आंदोलन पर बुरी तरह उलझा हुआ है. सोशल साइट्स फेसबुक और ट्वीटर ही नहीं, टेलीविजन और अखबार भी रोज-रोज के [...]

गांधी भाषा व आचरण में किसी भी तरह के आडंबर के विरोधी थे

By |October 16th, 2018|

नई दिल्लीः भारतीय ज्ञानपीठ ने वाक् सीरीज़ के तहत 'गांधी: भाषा का खादी सौंदर्य' विषय पर राजधानी दिल्ली में लेखक अजय तिवारी के सान्निध्य में एक संगोष्ठी का आयोजन किया, [...]

प्रेमचंद-शरतचंद के साहित्य में आम आदमी का दर्द- अरुण

By |October 16th, 2018|

पटना, 16 अक्तूबर। प्रेमचन्द-शरतचंद मेमोरियल कमिटी ने कालिदास रंगालय में पुरस्कार वितरण सह सांस्कृतिक समारोह का आयोजन किया। प्रेमचन्द व शरतचंद की तस्वीर के माल्यार्पण के साथ कार्यक्रम की शुरुआत [...]

‘वर्ल्ड पोएट्री मूवमेंट’ के तहत पुस्तक विमोचन एवं कविता पाठ

By |October 16th, 2018|

विदिशा। साहित्य और संस्कृति पर केंद्रित वर्ल्ड पोयट्री मूवमेंट और मध्यप्रदेश हिदी साहित्य सम्मेलन के संयुक्त तत्वाधान में एक दिवसीय कविता पाठ और परिचर्चा का आयोजन किया गया। इस अवसर पर विदिशा [...]

डॉ कुमार विमल व सेठ गोविंद दास को साहित्य सम्मेलन ने श्रद्धा से किया स्मरण

By |October 15th, 2018|

पटना,  15 अक्टूबर।  बिहार हिंदी साहित्य सम्मेलन ने आज सौदर्यशास्त्री कुमार विमल  और हिंदीसेवी सेठ गोविंद दास की स्मृति में आयोजन किया गया। आरंभ में अतिथियों का स्वागत करते हुए [...]

प्रोफेसर मंगला कपूर के एकल देवी गीत गायन से सजी शाम

By |October 15th, 2018|

वाराणसीः साहित्य और सृजन का लोक संगीत और देवी पूजा से बेहद पुराना नाता है. हिंदी में तो इसकी परंपरा इतनी समृद्ध है कि ईश्वर के सगुण और निर्गुण स्वरूपों [...]

नियमित नया नाटक करने का जुनून और लगन का नाम उदय कुमार

By |October 15th, 2018|

 दानापुर, उदय कुमार  ने  हर शनिवार दानापुर रेलवे स्टेशन के सामने नया नुक्कड़ नाटक करने का  अभूतपूर्व रिकार्ड कायम किया है। वे नाटककार  होने के साथ साथ अभिनेता व निर्देशक भी [...]

भारतीयता का ‘निराला’ स्वर

By |October 15th, 2018|

15 अक्तूबर को महाप्राण निराला की पुण्यतिथि है। इस मौके पर युवा समीक्षक पियूष द्विवेदी ने उनकी कविताओं के बहाने से एक टिप्पणी की है। हिंदी साहित्य में रचनाकारों को विचारधारा विशेष के [...]

जब ‘व्यंग्य’ से ठहर से गए कटु सत्य को ‘काव्य’ ने दिशा दी

By |October 15th, 2018|

नई दिल्ली: व्यंग्य और कविता, साहित्य की दो ऐसी विधाएं, जो शिल्प और शैली में अलग होते हुए भी उद्देश्य की दृष्टि से एक हैं. फिर भी काव्य की तुलना [...]

युवा कवि मुकेश का पहला काव्य संग्रह ‘तेरा मज़हब क्या है चांद’

By |October 14th, 2018|

युवा कवि मुकेश कुमार सिन्हा का पहला काव्य संग्रह ‘तेरा मज़हब क्या है चांद‘ का प्रकाशन अविधा प्रकाशन, मुजफ्फरपुर से किया गया है। जिसमें 70 कविताएँ संग्रहित है। मंत्रिमंडल सचिवालय [...]